INITIATIVES

जयपुर 25 अप्रैल 2018*

राजस्थान राज्य महिला आयोग द्वारा कृषि अनुसंधान केंद्र सभागार में आयोजित कार्यशाला में "पिंक बेल्ट मिशन" की शुरुआत की गई ।
आयोग अध्यक्ष श्रीमती सुमन शर्मा ने अपने सम्बोधन में कहा कि महिलाओं को अपने अंदर की ताकत से, अपने आत्मबल से खुद को इतना मजबूत करना है कि कोई हमें परेशान ना कर सके।आज इस कार्यशाला का उद्देश्य छात्राओं को पिंक बेल्ट क्लब में जोड़ना और उन्हें मानसिक, शारीरिक व विधिक रूप से सशक्त बनाना है जिससे वे निर्भीक होकर आत्मसम्मान के साथ जिंदगी जी सके। हमारे समाज में ऐसी मानसिकता कि 12 साल की बेटी के साथ उसका 5 साल का भाई उसे स्कूल छोड़ने जाता है, ऐसी मानसिकता को हमें बदलना है। माता पिता को अपनी बेटियों पर पहरा लगाने के बजाय अपने बेटों को महिलाओं की इज्जत करने की शिक्षा देनी चाहिये, तभी बदलाव सम्भव है। आयोग की ओर से महिलाओं को जागरूक करने हेतु अनेक नवाचार चलाये जा रहे हैं, उनमें से यह एक और नवाचार है, "पिंक बेल्ट मिशन" जो पूरे राज्य में चलाया जायेगा ।
मोटीवेशनल स्पीकर अपर्णा राजावत ने उपस्थित छात्राओं व महिलाओं को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि हमारे अंदर आगे बढ़ने का जुनून होना चाहिये।हमें आज के नारों को बदलना चाहिये,बेटी बचाने या पढ़ाने का नारा लगाने की नहीं बल्कि लड़कों को समझाने और थप्पड़ लगाने की जरूरत है। बेटी घर की इज्जत है उसे घर में रहना चाहिये ऐसा करने के बजाय लड़कों को समझाना चाहिये कि दूसरों के घर की इज्जत से खिलवाड़ ना करें ।
उन्होंने कहा कि हमें कोई छेड़े तो हमें सहन नहीं करना चाहिये बल्कि प्रतिकार करना चाहिये, उसे सबक सिखाना चाहिये, ना कि अपना रास्ता बदलना चाहिये। हमें किसी के साथ हो रही छेड़छाड़ का दर्शक नहीं, गवाह नहीं, विक्टिम नहीं बल्कि फाइटर बनना है। सेल्फ डिफेंस किसी भी उम्र में सीखा जा सकता है ।
अपर्णा राजावत ने गुड़ टच बेड टच, साइबर क्राइम व कानून की बेसिक जानकारी भी दी।उनकी टीम ने सेल्फ डिफेंस की विभिन्न कलाओं का प्रदर्शन किया ।
कार्यशाला में जयपुर के 10 प्रमुख स्कूल, कॉलेज की 500 छात्राओं सहित बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं। दीप प्रज्ज्वलन से कार्यक्रम की शुरुआत हुई ।
आयोग सदस्य डा रिता भार्गव व सुषमा कुमावत, सदस्य सचिव श्रीमती अमृता चौधरी, अति पुलिस अधीक्षक श्रीमती योगिता मीना, रजिस्ट्रार श्री अजय शुक्ला कार्यशाला में उपस्थित रहे ।